श्री श्री दामोदराष्टकं
नमामीश्वरं सच्चिदानन्दरूपंलसत्कुण्डलं गोकुले भ्राजमानम् ।यशोदाभियोलूखलाद्धावमानंपरामृष्टमत्यन्ततो द्रुत्य गोप्या ॥ १ ॥ वह भगवान जिनका रूप सत, चित और आनंद से परिपूर्ण […]
नमामीश्वरं सच्चिदानन्दरूपंलसत्कुण्डलं गोकुले भ्राजमानम् ।यशोदाभियोलूखलाद्धावमानंपरामृष्टमत्यन्ततो द्रुत्य गोप्या ॥ १ ॥ वह भगवान जिनका रूप सत, चित और आनंद से परिपूर्ण […]
मंदिर में दर्शन के बाद बाहर सीढ़ी पर थोड़ी देर क्यों बैठा जाता है? बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि जब
नव दुर्गाओं की नव रात्रियों में हम हर साल पूजा करते हैं। कहते हैं कि वे अनेकों ऋद्धि-सिद्धियाँ प्रदान करती
सिद्ध कुंजिका स्तोत्र की महिमा दुर्गा सप्तशती में वर्णित सिद्ध कुंजिका स्तोत्र एक अत्यंत चमत्कारिक और तीव्र प्रभाव दिखाने वाला
दोहा : निश्चय प्रेम प्रतीति ते, बिनय करैं सनमान।तेहि के कारज सकल शुभ, सिद्ध करैं हनुमान॥ चौपाई : जय हनुमंत
दोहा : श्रीगुरु चरन सरोज रज, निज मनु मुकुरु सुधारि। बरनऊं रघुबर बिमल जसु, जो दायकु फल चारि।। बुद्धिहीन तनु
गाय की महिमा पर पवित्र ग्रंथों के उद्धरण: स्वप्न में गाय का दर्शन: गाय की महिमा: • गायों, गोकुल, गोमय
या कुन्देन्दुतुषारहारधवला या शुभ्रवस्त्रावृता या वीणावरदण्डमण्डितकरा या श्वेतपद्मासना । या ब्रह्माच्युतशंकरप्रभृतिभिर्देवैः सदा पूजिता सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा ॥
रे मन वृन्दाविपिन निहार।।यद्पि मिले कोटि चिंतामणि तदपि न हाथ पसार।।विपिन राज सीमा के बाहर हरिहूँ को न निहार।।जय श्री
व्रत पर्व विवरण – विनायक चतुर्थी, तिलकुंद चतुर्थी, गणेश जयंती*💥 विशेष – तृतीया को पर्वल खाना शत्रुओं की वृद्धि करने